मिडिल स्कूल गांगपुर में वार्षिकोत्सव एवं प्रधान पाठक शालिनी राम का गरिमामय विदाई समारोह सम्पन्न
शासकीय मिडिल स्कूल गांगपुर में आयोजित वार्षिकोत्सव एवं प्रधान पाठक शालिनी राम के सम्मान में आयोजित विदाई समारोह शिक्षा, संस्कृति और सामाजिक चेतना का प्रभावशाली संगम बना। कार्यक्रम में विद्यालय परिवार, अभिभावक, ग्रामवासी एवं जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती के पूजन, दीप प्रज्ज्वलन एवं सरस्वती वंदना से हुआ। अतिथियों का पुष्पगुच्छ से स्वागत किया गया। मंच पर संकुल प्राचार्य दीपक ठाकुर सहित विद्यालय के समस्त शिक्षकगण उपस्थित रहे।
मुख्य अतिथि जनपद सदस्य थानेश्वर जायसवाल ने कहा कि इस प्रकार के आयोजनों से बच्चों के व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास होता है और सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध जागरूकता भी बढ़ती है। कार्यक्रम की अध्यक्षता ग्राम सरपंच रसपाल टेकाम ने की। उन्होंने विद्यालय की शैक्षणिक उपलब्धियों एवं अनुशासित वातावरण की प्रशंसा की।
वार्षिकोत्सव के अंतर्गत विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत नशा मुक्ति नाटक कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहा। नाटक में नशे से होने वाले पारिवारिक, सामाजिक एवं आर्थिक दुष्परिणामों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया, जिसे दर्शकों ने खूब सराहा। इसके साथ ही लोकनृत्य, देशभक्ति गीत, समूह एवं एकल नृत्य सहित विविध सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने समूचे वातावरण को उल्लासमय बना दिया।
इसी क्रम में संकुल प्राचार्य दीपक ठाकुर द्वारा नशा मुक्ति शपथ दिलाई गई। शपथ के दौरान विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं उपस्थित नागरिकों ने नशे से दूर रहने, दूसरों को भी नशा न करने के लिए प्रेरित करने तथा स्वस्थ व सकारात्मक जीवन शैली अपनाने का संकल्प लिया। शपथ कार्यक्रम ने समारोह को सामाजिक उत्तरदायित्व से जोड़ते हुए एक सशक्त संदेश दिया।
विदाई समारोह में प्रधान पाठक शालिनी राम के कार्यकाल पर वक्ताओं ने विस्तार से प्रकाश डाला। उनके नेतृत्व में विद्यालय में शैक्षणिक गुणवत्ता, अनुशासन और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों को नई दिशा मिली। विद्यालय परिवार की ओर से उन्हें शाल, श्रीफल एवं स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया।
अपने उद्बोधन में शालिनी राम ने विद्यालय परिवार, विद्यार्थियों एवं ग्रामवासियों के सहयोग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि मिडिल स्कूल गांगपुर उनके जीवन का अविस्मरणीय अध्याय रहेगा। उन्होंने विद्यार्थियों से निरंतर परिश्रम, अनुशासन और नैतिक मूल्यों को अपनाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम का संचालन शिक्षकों द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। अंत में आभार प्रदर्शन के साथ समारोह का समापन हुआ। यह आयोजन न केवल एक विदाई समारोह रहा, बल्कि शिक्षा, संस्कृति और नशा मुक्ति जैसे सामाजिक संदेशों के कारण लंबे समय तक स्मरणीय बना रहेगा।
इस कार्यक्रम में सप्रे सर,देशमुख सर, मरावी कर ,मरकाम कर ,सोनी सर, पांडे सर ,देवांगन कर ,खांडे सर, अंसारी सर, कृषे सर आदि भी उपस्थित रहे !!