ग्राम पंचायत भेड़ागढ़ में भाजपा कार्यकर्ताओं ने श्रद्धापूर्वक मनाया डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान दिवसकुकदुर। कुकदुर मंडल क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत भेड़ागढ़ के बूथ क्रमांक 23 में भारतीय जनसंघ के संस्थापक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान दिवस अत्यंत गरिमापूर्ण और श्रद्धापूर्वक मनाया गया। इस विशेष अवसर पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के स्थानीय पदाधिकारियों, बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। सभी ने डॉ. मुखर्जी के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की और देश के लिए दिए गए उनके सर्वोच्च बलिदान को याद किया।तैलचित्र पर पूजा-अर्चना और दीप प्रज्वलनकार्यक्रम की शुरुआत बेहद पवित्र और पारंपरिक माहौल में हुई। गांव के वरिष्ठ और प्रमुख नागरिक फुन्दी लाल धुर्वे और रामगोपाल यादव सहित उपस्थित अतिथियों ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित किया। इसके बाद श्रद्धा के प्रतीक स्वरूप फूल-माला, श्रीफल (नारियल) और अगरबत्ती जलाकर देश के महान सपूत की पूजा-अर्चना की गई। उपस्थित सभी लोगों ने ‘भारत माता की जय’ और ‘डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी अमर रहें’ के गगनभेदी नारे लगाए, जिससे पूरा वातावरण देशभक्ति के रंग में सराबोर हो गया।

वक्ताओं ने रेखांकित किया डॉ. मुखर्जी का राष्ट्रप्रेमकार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रामनाथ करायत ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के जीवन और उनके संघर्षों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि डॉ. मुखर्जी एक प्रखर शिक्षाविद्, सच्चे देशभक्त और महान राष्ट्रवादी नेता थे। उन्होंने देश की एकता और अखंडता के लिए अपने प्राणों की आहुति दे दी। कश्मीर को भारत का अभिन्न अंग बनाए रखने के लिए उनका नारा “एक देश में दो प्रधान, दो विधान और दो निशान नहीं चलेंगे” आज भी हर भारतीय को प्रेरित करता है।बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत करने का संकल्पइस अवसर पर बूथ प्रभारी नकुल बघेल और महेश धुर्वे ने भी कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि डॉ. मुखर्जी के सपनों का भारत बनाने के लिए हमें बूथ स्तर पर संगठन को और अधिक मजबूत करना होगा। उनके दिखाए मार्ग पर चलकर ही हम समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचा सकते हैं। कार्यक्रम के सफल आयोजन में बूथ मीडिया प्रभारी रवि साकत और बूथ सचिव गजपति मरावी की सक्रिय भूमिका रही, जिन्होंने सभी कार्यकर्ताओं को एकजुट कर कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार की।



