मुनमुना प्राथमिक शाला में विद्यार्थी सम्मान समारोह, मेधावी छात्राओं को चांदी का सिक्का देकर किया सम्मानित
पंडरिया। मुनमुना संकुल अंतर्गत प्राथमिक शाला मुनमुना में शुक्रवार को विद्यार्थी सम्मान समारोह का आयोजन उत्साहपूर्वक किया गया। कार्यक्रम में कक्षा पांचवीं की परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली छात्राओं को चांदी का सिक्का भेंट कर सम्मानित किया गया। यह परंपरा विद्यालय के प्रधान पाठक अतुल तिवारी द्वारा लगातार तीसरे वर्ष भी निभाई गई।
इस वर्ष कक्षा पांचवीं में 91 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल करने वाली छात्रा कु. भूमि तथा द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाली कु. आकांक्षा और कु. आराध्या को चांदी का सिक्का देकर सम्मानित किया गया। समारोह में विकासखंड शिक्षा अधिकारी दीपक ठाकुर, सहायक संचालक एम.के. गुप्ता, पूर्व खंड स्रोत समन्वयक अर्जुन चंद्रवंशी एवं संकुल शैक्षिक समन्वयक रघुनंदन गुप्ता की गरिमामयी उपस्थिति रही।
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र पर पूजा-अर्चना एवं वंदना के साथ हुआ। इसके बाद विद्यालय परिवार की ओर से अतिथियों का तिलक लगाकर श्रीफल एवं अंगवस्त्र भेंट कर सम्मान किया गया।
सहायक संचालक एम.के. गुप्ता ने अपने संबोधन में कहा कि मुनमुना संकुल ने वर्ष 2016 से शिक्षा गुणवत्ता और नवाचार के क्षेत्र में जिले में अपनी अलग पहचान बनाई है। उन्होंने कहा कि शिक्षा मड़ई के दौरान विद्यालय की उत्कृष्ट शैक्षणिक उपलब्धियों, बुनियादी सुविधाओं और प्राकृतिक वातावरण के कारण इसे विशेष पहचान मिली थी, जिसे आज भी विद्यालय कायम रखे हुए है।
विकासखंड शिक्षा अधिकारी दीपक ठाकुर ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि यह सम्मान केवल तीन छात्राओं का नहीं, बल्कि सभी विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा है। उन्होंने बच्चों से आगामी परीक्षाओं में 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने का लक्ष्य निर्धारित करने का आह्वान किया। साथ ही शिक्षकों से “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत बच्चों के जन्मदिन पर पौधारोपण कराने और उसकी जानकारी साझा करने की अपील की।

कार्यक्रम के बाद अधिकारियों ने संकुल केंद्र मुनमुना का निरीक्षण किया। इस दौरान जर्जर विद्यालय भवन का अवलोकन कर उसे सुरक्षित रखने, भवन के बाहर ताला लगाने तथा दीवार पर “शाला संचालन नहीं करने” संबंधी सूचना लिखवाने के निर्देश दिए। साथ ही पाठ्यपुस्तक एवं गणवेश वितरण की समीक्षा करते हुए किसी भी प्रकार की कमी होने पर तत्काल कार्यालय को अवगत कराने के निर्देश दिए।



